'' बच्चे देश का भविष्य है '' नागौर जैसे अषिक्षित पिछड़े अनुसूचित एंव अल्पसंख्यक बाहुल्य क्षेत्र में 0 से 18 वर्ष तक के नाबालिग बच्चों को सुरक्षित माहोल एंव 24 घण्टे 7 दिन सहायता उपलब्ध करवाने के लिए संस्था द्वारा महिला एंव बाल विकास मंत्रालय भारत सरकार के द्वारा वित एंव पोषित एंव चाईल्ड लाईन इण्डिया मुम्बई के द्वारा संचालित चाईल्ड लाईन का संचालन नागौर में माह मई से किया जा रहा है जिसमें घर से भागे हुए बच्चे, असहाय एंव जरूरतमंद बच्चे, बाल विवाह रोकथाम, बालश्रमिक बच्चे जिनकी आयु 18 वर्ष से कम अगर उन बच्चों को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी होती है तो चाईल्ड लाईन द्वारा उस परेशानी को जल्द से जल्द दूर किया जाता है संस्था द्वारा जनता को भी इस बाबत जागरूक करने के लिए चाईल्ड लाईन के कर्मचारियो द्वारा जागरूकता अभियान चलाया जाता है चाईल्ड लाईन द्वारा विभिन्न जगहो पर जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है तथा जागरूकता के लिए इश्तिहार एंव स्टीकर भी बांटे जाते संस्था का प्रयास है कि प्रत्येक नागरिक को इस बाबत जानकारी हो कि अगर कोई बच्चा उनको परेशानी में दिखाई दे रहा है तो वह 1098 पर सूचना देकर उसकी मदद कर सकता है इसमें मदद करने वाले व्यक्ति को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी नही आयेगी ऐसा संस्था द्वारा जनता को समझाया जाता है संस्था के प्रयासो से जनता में जागरूकता उत्तपन हुई है तथा अब वह इस सेवा का उपयोग करने लगे है संस्था द्वारा इस वित्तीय वर्ष में बाल श्रमिक से 28 बच्चो को मुक्त करवाया गया 30 बाल विवाह रूकवाकर बच्चो की जिंदगी बचाई गई, संस्था द्वारा भिक्षावृति करने वाले 13 बच्चो को भिक्षावृति से मुक्त करवाया गया इन बच्चो के माता पिता को समझाया गया तथा बच्चो को स्कूल में दाखिला दिलवाने के लिए प्रेरित किया गया, संस्था द्वारा बच्चो एंव अध्यापको में आपसी असमंजय को भी दूर किया गया जिसके अन्तर्गत 84 बच्चो को लाभान्वित किया गया संस्था द्वारा 5 बच्चो को मैडीकल सेवा उपलब्ध करवाई गई , संस्था द्वारा 28 गुम हुए बच्चो को उनके माता-पिता के पास पहुंचाया गया संस्था द्वारा 35 बच्चो को पालनहार योजना से जोड़ा गया इसके अलावा संस्था द्वारा 246 बच्चो को भावनात्मक सहायता भी पहुंचाई जाती है। संस्था का प्रयास है कि मुसीबत में आये हुए बच्चो की समय पर हरसम्भव मदद करें जिसमें संस्था अभी तक सफल रहीं है ।









